क्वानू बस दुर्घटना में साहसिक बचाव कार्य करने वाले 14 फर्स्ट रिस्पॉन्डर सम्मानित, राज्य सरकार से पुरस्कार की संस्तुति
मुख्यमंत्री का संकल्पः प्रदेश के दूरस्थ गांवों की प्रत्येक समस्या का मौके पर समाधान

देहरादून। “जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” प्रशासन गांव की ओर अभियान के अंतर्गत शुक्रवार को विकासखंड चकराता के दूरस्थ न्याय पंचायत दसऊ में मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह की अध्यक्षता में बहुउद्देशीय शिविर का आयोजन किया गया। इस दौरान विभिन्न विभागों के माध्यम से 735 से अधिक लोगों को जनकल्याणकारी योजनाओं का प्रत्यक्ष लाभ प्रदान किया। शिविर में नशामुक्त भारत अभियान के अंतर्गत सभी उपस्थितजनों को मादक पदार्थों से दूर रहने की शपथ दिलाई गई।
शिविर में कृषि विभाग द्वारा 80 प्रतिशत अनुदान पर किसान जगतराम शर्मा, हरपाल सिंह तथा कपिल लाल को पावर वीडर, किसान गजेन्द्र नौटियाल को ब्रश कटर तथा किसान जयपाल सिंह को चेक कटर मशीन वितरित की गई।
बाल विकास विभाग द्वारा 03 महिलाओं को मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट तथा 10 लाभार्थियों को किशोरी किट प्रदान की गई।
शिविर के दौरान 18 व्यक्तियों के आधार कार्ड का अद्यतन किया गया तथा 08 दिव्यांग प्रमाण-पत्र भी मौके पर ही निर्गत किए गए। इन सभी दिव्यांगजनों को समाज कल्याण विभाग के माध्यम से पेंशन भी स्वीकृत की गई।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी ने विगत दिनों ग्राम क्वानू में हिमाचल परिवहन की बस दुर्घटना में 28 घायलों को बचाने में फर्स्ट रिस्पॉन्डर के रूप में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले 14 स्थानीय लोगों को परिवहन विभाग की राहगीर योजना के अंतर्गत प्रशस्ति-पत्र, प्रतीक-चिह्न एवं हेलमेट प्रदान कर सम्मानित किया। साथ ही, राज्य सरकार की ओर से प्रत्येक को पाँच-पाँच हजार रुपये का पुरस्कार प्रदान किए जाने की संस्तुति भी की गई।
मुख्य विकास अधिकारी ने सभी जनशिकायतों एवं समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए कि प्रत्येक शिकायत का समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण एवं प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान करना प्रशासन की सर्वाेच्च प्राथमिकता है। इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नही की जाएगी।
शिविर में जनप्रतिनिधियों एवं ग्रामीणों से प्राप्त 45 समस्याओं में से अधिकांश का मौके पर ही निस्तारण किया गया तथा शेष शिकायतों के शीघ्र समाधान हेतु संबंधित विभागों को अग्रसारित किया गया। शिविर में सडक, पेयजल और सिंचाई की समस्याएं सबसे अधिक रही।
क्षेत्रवासियों ने दसऊ प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के उच्चीकरण, आयुर्वेदिक चिकित्सालय क्वानू में चिकित्सक एवं एम्बुलेंस की तैनाती, राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय गबेला में अंग्रेज़ी अध्यापक की नियुक्ति, दसऊ में क्षतिग्रस्त पेयजल योजना की मरम्मत, बुरायला–जगथान में क्षतिग्रस्त गूल (सिंचाई नहर) के सुधार, मतारछानी डाडूवा में पेड़ों के बीच से गुजर रही विद्युत लाइन को स्थानांतरित करने तथा गौना में आंगनबाड़ी केंद्र खोलने की मांग रखी। इस पर संबंधित विभागों को त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
इसके अतिरिक्त, जगथान–बुरायला मोटर मार्ग के लिए अधिग्रहित कृषि भूमि का पाँच वर्षों से मुआवजा न मिलने, दसऊ मुख्य मार्ग से मातखंड तक सड़क के डामरीकरण, थारनाथार से जगनाथ–बुरायला मोटर मार्ग पर चुराणी डांडा में क्षतिग्रस्त दीवार के कारण खेतों को हो रहे नुकसान तथा सहिया–क्वानू मोटर मार्ग के किलोमीटर 28 पर पुस्ता क्षतिग्रस्त होने से खेतों, मार्ग और छानियों में हो रहे कटाव संबंधी शिकायतें भी दर्ज कराई गईं। इस पर उपजिलाधिकारी को जांच कर सभी शिकायतों के शीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए गए। इस दौरान ग्रामीणों की सभी समस्याओ को सुनते हुए मौके पर समाधान किया गया।
बहुउद्देशीय शिविर में कुल 735 से अधिक लोगों को विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत लाभान्वित किया गया। स्वास्थ्य विभाग द्वारा 231, होम्योपैथिक विभाग द्वारा 61 तथा आयुर्वेदिक विभाग द्वारा 42 लोगों की स्वास्थ्य जाँच कर निःशुल्क दवाइयाँ वितरित की गईं। पशु चिकित्सा विभाग ने 45 पशुपालकों को पशु औषधियाँ उपलब्ध कराईं। राजस्व विभाग द्वारा आय, हैसियत, चरित्र प्रमाण पत्र एवं प्रधानमंत्री किसान योजना से संबंधित कुल 49 प्रमाण पत्र जारी किए गए। कृषि विभाग द्वारा 53 तथा उद्यान विभाग द्वारा 12 किसानों को कृषि यंत्र, बीज एवं पीएम किसान निधि का लाभ प्रदान किया गया। समाज कल्याण विभाग द्वारा 20 पात्र लाभार्थियों को वृद्धावस्था, विधवा एवं दिव्यांग पेंशन स्वीकृत की गई। जिला पूर्ति विभाग द्वारा 21 राशन कार्ड धारकों की केवाईसी कराई गई। इसके अतिरिक्त पंचायतीराज 22, एनआरएलएम के अंतर्गत 14, विद्युत व उरेडा विभाग के 11 तथा डेयरी 08, सहकारिता 08, श्रम विभाग द्वारा 24, पीएनबी यजीबी 06, ग्राम्य विकास 21 लाभार्थियों को लाभान्वित किया गया।
इस अवसर पर संयुक्त मजिस्ट्रेट डा.हर्षिता सिंह, मुख्य चिकत्सा अधिकारी डा एमके शर्मा, परियोजना निदेशक विक्रम सिंह, जिला विकास अधिकारी सुनील कुमार, तहसीलदार प्रदीप नेगी, जिला पर्यटन विकास अधिकारी बृजेन्द्र पांडेय, जिला कार्यक्रम अधिकारी जितेन्द्र कुमार, खंड विकास अधिकारी राकेश बिष्ट, अन्य विभागीय अधिकारी सहित ग्राम प्रधान शूरवीर सिंह चौहान, मातवर सिंह तोमर, सूर्य प्रताप सिंह चौहान, पदम सिंह चौहान, यादवीर सिंह चौहान, टीकम सिंह, जगत राम, बलबीर सिंह चौहान, मातवार सिंह एवं बडी संख्या में ग्रामीण मौजूद थे।
