चमोली ( प्रदीप लखेड़ा )
नाबार्ड उत्तराखंड क्षेत्रीय कार्यालय देहरादून द्वारा चमोली एवं रुद्रप्रयाग जिलों के लिए ग्राउंड लेवल क्रेडिट (GLC) में वृद्धि विषयक जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन आज गोपेश्वर में किया गया। कार्यशाला की अध्यक्षता नाबार्ड के महाप्रबन्धक शशि कुमार ने की।
इस दौरान नाबार्ड की पुनर्वित्त योजनाओं, केंद्र एवं राज्य प्रायोजित कार्यक्रमों तथा बैंकिंग क्षेत्र में ऋण प्रवाह बढ़ाने की रणनीतियों पर विस्तृत चर्चा की गई। डॉ. पुनीत कुमार, सहायक महाप्रबंधक ने GLC एन्हांसमेंट एवं eKCC पोर्टल पर विस्तृत प्रस्तुति दी। उन्होंने कृषि, उद्यान, पशुपालन, मत्स्य, सौर ऊर्जा, ग्रामीण उद्यमिता आदि क्षेत्रों में ऋण विस्तार की संभावनाओं पर प्रकाश डाला।
कृषि, उद्यान, पशुपालन, मत्स्य, सहकारिता विभाग तथा बैंकिंग संस्थानों के प्रतिनिधियों द्वारा भी विभागीय योजनाओं, उपलब्धियों तथा ऋण प्रवाह में वृद्धि हेतु कार्ययोजनाओं पर विस्तृत प्रस्तुतियाँ दी गईं। DCCB, UGB, PACS, LDM कार्यालय के अधिकारियों एवं अन्य विभागीय प्रतिभागियों ने सक्रिय रूप से चर्चा में भाग लिया।
कार्यक्रम के दौरान “Looms of Niti & Mana Cooperative” परियोजना का शुभारंभ भी किया गया। लाभार्थियों की उपस्थिति में इस सहकारी संस्था के उद्देश्यों, आगे की रणनीति तथा नाबार्ड की अपेक्षाओं पर चर्चा की गई। इस पहल से सीमांत क्षेत्रों में स्थानीय बुनाई, वस्त्र निर्माण और विपणन को नए अवसर उपलब्ध होने की संभावना है।
अपने समापन संबोधन में महाप्रबंधक ने विभागों एवं बैंकिंग संस्थानों से ग्रामीण एवं पर्वतीय क्षेत्रों में ऋण प्रवाह बढ़ाने के लिए समन्वित और परिणामउन्मुख प्रयास करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि नाबार्ड राज्य के समग्र ग्रामीण विकास के लिए प्रतिबद्ध है और आगे भी तकनीकी एवं वित्तीय सहयोग प्रदान करता रहेगा। कार्यक्रम का संचालन श्रेयान्श जोशी, जिला विकास प्रबंधक नाबार्ड द्वारा किया गया।

