चमोली ( प्रदीप लखेड़ा )
जिला मुख्यालय गोपेश्वर एवं कर्णप्रयाग के शहरी क्षेत्रों में जल निकासी व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी गौरव कुमार की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में शहरी क्षेत्रों में जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान, स्वच्छता व्यवस्था के सुदृढ़ीकरण तथा मानसून के समय जल निकासी पर विस्तृत चर्चा की गई। सम्बंधित अधिकारियों ने विभिन्न क्षेत्रों में वर्तमान स्थिति एवं प्रस्तावित कार्ययोजनाओं की जानकारी भी प्रस्तुत की।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि स्टॉर्म वॉटर ड्रेनेज प्लान के अंतर्गत विस्तृत एवं प्रभावी कार्ययोजना तैयार कर उसका क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने जलभराव वाले क्षेत्रों को प्राथमिकता के आधार पर चिन्हित कर जल निकासी की आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। साथ ही अधिशासी अधिकारियों को नगर क्षेत्र की मॉनिटरिंग करते हुए नालियों की मरम्मत, सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने नालियों से निकलने वाले दूषित जल को एसटीपी से जोड़ने की दिशा में भी आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए, जिससे नदियों को प्रदूषित होने से बचाया जा सके।
जिलाधिकारी ने कहा कि मानसून से पूर्व नालियों की नियमित एवं व्यापक साफ-सफाई अत्यंत आवश्यक है, ताकि बरसात के दौरान किसी भी प्रकार की समस्या उत्पन्न न हो।
बैठक में सिंचाई खंड थराली के अधिशासी अभियंता प्रशांत श्रीवास्तव, सिंचाई खंड चमोली के अधिशासी अभियंता धीरज डिमरी तथा वर्चुअल माध्यम से एसडीएम आरके पांडे, एसडीएम सोहन सिंह रांगण सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

