रा.प्रा.वि. डोभालवाला में बुराई पर अच्छाई का संदेश देने के लिए किया गया रावण का दहन 

देहरादून। आज राजकीय प्राथमिक विद्यालय डोभालवाला में बच्चों को रामायण के चरित्रों का वर्णन करते हुए रावण का दहन किया गया।
बच्चों में रामायण के चरित्रों में भगवान श्री राम के जीवन पर प्रकाश डालते हुए रामलीला का आयोजन आजकल क्यों किया जाता है विषय पर बताया गया।
सामाजिक कार्यकर्ता डॉ स्वामी एस चंद्रा ने बच्चों को रामलीला के आयोजन के बारे में विस्तार से बताया, भगवान श्री राम और महा विद्वान परन्तु अहंकारी रावण के चरित्र का वर्णन करते हुए तुलनात्मक तरीके से समझाया।
अनीता नेगी, रेणु असवाल तथा देवेन्द्र सिंह रावत अध्यापकों ने बच्चों को अपनी देख रेख में रावण कुम्भकर्ण और मेघनाद के पुतले बनाना सिखाया, बच्चों ने रंगोली एवं विभिन्न प्रकार से तैयार किए हुए कागज से रंग बिरंगे आकृतियों से सजाया।प्रधानाध्यापिका श्रीमती ममता उनियाल ने बैठक में उपस्थित सभी अभिभावकों का स्वागत किया तथा बच्चों को नियमित पढ़ाई, गृह कार्य पर ध्यान देने हेतु अनुरोध किया, बच्चों के लिए आकर्षण का केंद्र मुख्य रूप से रावण के पुतले को जलते हुए देखना था,  अनीता नेगी ने बताया कि बच्चों के अंदर काफी उत्सुकता थी, बड़ी मेहनत करके पुतला तैयार किया।
अध्यापक देवेन्द्र सिंह रावत ने अपनी देख – रेख में बच्चों को निर्देशित करते हुए अग्नि से बचाव और पटाखों से बचाव के बारे में जानकारी दी। डॉ स्वामी एस चंद्रा ने बताया कि ऐसे कार्यक्रम करने से बच्चों को अपनी संस्कृति सेे जोड़ा जा सकता है जिससे बच्चे अपने पूर्वजों के द्वारा किए गए ऐतिहासिक कार्यों को समझ सकें। अंत में डॉ स्वामी ने रावण के पुतले को अग्नि दी, कुछ ही क्षणों में रावण का पुतला धू-धू कर जलकर स्वाह हो गया। इस अवसर पर बच्चों के अभिभावक, अध्यापकगण, छात्र-छात्राएं उपस्थित होकर आनंदित हुए।